जोधपुर, 6 अक्टूबर
जोधपुर महानगर की एक अदालत ने 12 साल पुराने अवैध मादक पदार्थ अफीम के मामले में फैसला सुनाया है।
एनडीपीएस विशेष अदालत के जज मधुसूदन मिश्रा ने आरोपी भवानीसिंह पुत्र भारूराम निवासी भुरटिया, थाना नागाणा, जिला बाड़मेर को दोषी मानते हुए 1 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई है।
अदालत ने अभियोजन पक्ष के 10 गवाहों, 36 दस्तावेजी साक्ष्यों और 3 आर्टिकल्स के आधार पर आरोपी भवानीसिंह को दोषी ठहराया।
अदालत ने अपने फैसले में कहा कि मादक पदार्थों के अपराध गंभीर प्रकृति के होते हैं और समाज पर गहरा असर डालते हैं। इसलिए ऐसे आरोपी को राहत नहीं दी जा सकती।
अदालत ने आरोपी को 1 वर्ष की कठोर सजा और 10 हजार रुपए का जुर्माना अदा करने का आदेश दिया।
अभियोजन पक्ष की दलील
विशिष्ट लोक अभियोजक गोविन्द जोशी के अनुसार 24 अक्टूबर 2013 को चौपासनी हाउसिंग बोर्ड थाना क्षेत्र में नाकाबंदी के दौरान तत्कालीन थानाधिकारी अमित सिहाग ने बोलेरो कैंपर गाड़ी की तलाशी ली।
इसमें सवार आरोपी भवानीसिंह से 105 ग्राम अफीम बरामद हुई। इसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर अनुसंधान के उपरांत न्यायालय में चार्जशीट पेश की गई।
अभियोजन पक्ष ने अदालत से कहा कि अवैध मादक पदार्थों के मामले समाज में बढ़ती गंभीर समस्या हैं और इनसे समाज पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। ऐसे अपराधों को रोकने के लिए कठोरतम सजा आवश्यक है। वहीं, आरोपी पक्ष ने अदालत से नरमी बरतने का अनुरोध किया।