जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट के नवनियुक्त मुख्य न्यायाधीश जस्टिस संजय के. अग्रवाल ने बुधवार को अपने पहले सार्वजनिक कार्यक्रम में बार और बेंच के बीच बेहतर समन्वय पर जोर देते हुए कहा कि राजस्थान की न्यायिक गरिमा और प्रतिष्ठा को बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि राजस्थान की न्यायपालिका और बार दोनों की अपनी शानदार परंपरा रही है और मिलकर न्याय व्यवस्था को और मजबूत बनाया जा सकता है।
राजस्थान हाईकोर्ट की मुख्यपीठ, जोधपुर में राजस्थान हाईकोर्ट लायर्स एसोसिएशन की ओर से मुख्य न्यायाधीश के सम्मान में अभिनंदन समारोह आयोजित किया गया।
समारोह में राजस्थान हाईकोर्ट के वरिष्ठ न्यायाधीश जस्टिस विनीत माथुर सहित हाईकोर्ट के सभी सिटिंग जज मौजूद रहे।
इस दौरान अधिवक्ताओं ने मुख्य न्यायाधीश का स्वागत करते हुए न्यायपालिका और बार के बीच बेहतर समन्वय की उम्मीद जताई।

“ऐसा लगा जैसे अपने ही घर की बार में आया हूं”
समारोह को संबोधित करते हुए चीफ जस्टिस संजय के. अग्रवाल ने राजस्थान हाईकोर्ट बार की जमकर सराहना की।
उन्होंने कहा कि यहां आने के बाद उन्हें ऐसा बिल्कुल महसूस नहीं हुआ कि वे किसी नई बार में आए हैं, बल्कि उन्हें लगा कि वे अपने ही घर की बार में आए हैं।
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि राजस्थान न्यायपालिका और यहां की बार की अपनी विशिष्ट पहचान है। दोनों के बीच आपसी सहयोग और बेहतर संवाद के माध्यम से न्यायिक व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है।

अधूरे कार्यों को मिलकर पूरा करने का भरोसा
मुख्य न्यायाधीश ने अधिवक्ताओं से जुड़े विभिन्न लंबित और अधूरे कार्यों का भी जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि जो कार्य अभी अधूरे हैं, उन्हें बार और बेंच मिलकर पूरा करेंगे। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अधिवक्ताओं से जुड़े मुद्दों पर सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ काम किया जाएगा और न्यायिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सामूहिक प्रयास किए जाएंगे।
चीफ जस्टिस के संबोधन से यह संदेश स्पष्ट रहा कि न्यायपालिका और अधिवक्ता समुदाय के बीच बेहतर समन्वय राजस्थान हाईकोर्ट की कार्यप्रणाली को और मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
समारोह को राजस्थान हाईकोर्ट के वरिष्ठ जज जस्टिस वीनित माथुर ने भी संबोधित किया

लॉयर्स एसोसिएशन ने किया मुख्य न्यायाधीश का सम्मान
अभिनंदन समारोह के दौरान राजस्थान हाईकोर्ट लॉयर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष दिलीप सिंह उदावत, महासचिव अरुण झांझड़िया सहित एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने अधिवक्ता समुदाय और बार एसोसिएशन की ओर से मुख्य न्यायाधीश जस्टिस संजय के. अग्रवाल का गर्मजोशी से स्वागत एवं अभिनंदन किया।
इस अवसर पर राजस्थान हाईकोर्ट लॉयर्स एसोसिएशन की ओर से मुख्य न्यायाधीश को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

समारोह में मौजूद अधिवक्ताओं ने भी मुख्य न्यायाधीश का स्वागत किया और बार-बेंच के बीच बेहतर समन्वय की भावना को आगे बढ़ाने की बात कही।
समारोह का सफल संचालन अधिवक्ता विवेक श्रीमाली ने किया। कार्यक्रम के दौरान बार और बेंच के बीच आपसी सहयोग, संवाद और समन्वय को लेकर सकारात्मक माहौल देखने को मिला।