जोधपुर। भीलवाड़ा नगर निगम चुनाव में सिंबल विवाद पर अहम फैसला सुनाते हुए राजस्थान हाईकोर्ट ने चुनाव चिह्न से जुड़ी 17 याचिकाएं खारिज कर दी।
ये सभी याचिकाएं कांग्रेस के 17 प्रत्याशियों की ओर से दाखिल की गई थी लेकिन हाईकोर्ट ने चुनाव चिह्न से जुड़े इन सभी 17 मामलों में दखल देने से इनकार करते राहत देने से मना कर दिया।
हाईकोर्ट के फैसले के साथ ही इन 17 प्रत्याशियों के मौजूदा नगर निगम चुनाव में उतरने का रास्ता बंद हो गया है।
17 याचिकाएं खारिज होने के बाद भीलवाड़ा नगर निगम चुनाव में कांग्रेस के 53 अधिकृत प्रत्याशी ही मैदान में रहेंगे।
मामले में जस्टिस मुकेश राजपुरोहित की एकल पीठ ने फैसला सुनाते हुए सिंबल विवाद से जुड़ी सभी 17 याचिकाओं को खारिज कर दिया।
पार्टी की मंजूरी के बावजूद चुनाव चिह्न नहीं मिलने का दावा
याचिकाकर्ताओं का कहना था कि उन्होंने कांग्रेस के वरिष्ठ पदाधिकारियों के निर्देश पर नामांकन दाखिल किया था। उनका दावा था कि पार्टी ने उन्हें संबंधित वार्ड से चुनाव लड़ने के लिए अधिकृत किया था।
हालांकि, बाद में चुनाव चिह्न को लेकर उनकी उम्मीदवारी पर विवाद खड़ा हो गया।
इसके बाद प्रत्याशियों ने हाईकोर्ट का रुख किया और उन्हें चुनाव लड़ने की अनुमति देने की मांग की।
याचिकाकर्ताओं की ओर से कहा गया कि कांग्रेस ने तय समय सीमा के भीतर अपने अधिकृत प्रत्याशियों से जुड़े जरूरी दस्तावेज जमा कर दिए थे। ऐसे में उनका चुनाव चिह्न स्वीकार नहीं करने की कोई वजह नहीं थी।
17 प्रत्याशियों ने चुनाव लड़ने की मांगी थी अनुमति
इन सभी मामलों में मूल विवाद चुनाव चिह्न को लेकर था।
याचिकाकर्ताओं की ओर से दलील दी गई कि जब पार्टी ने उन्हें चुनाव लड़ने के लिए अधिकृत किया था, तो केवल चुनाव चिह्न से जुड़ी आपत्ति के आधार पर उनकी उम्मीदवारी खत्म नहीं की जा सकती।
उन्होंने नामांकन और चुनाव चिह्न से जुड़े नियमों का हवाला देते हुए चुनाव लड़ने की अनुमति देने की मांग की।
वहीं, राज्य निर्वाचन आयोग और राज्य सरकार की ओर से याचिकाओं का विरोध किया गया। उनकी ओर से चुनाव चिह्न से जुड़ी प्रक्रिया और संबंधित रिकॉर्ड हाईकोर्ट के सामने रखा गया।
हाईकोर्ट ने सभी याचिकाएं खारिज कीं
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद हाईकोर्ट ने राहत देने से इनकार करते हुए सभी 17 याचिकाओं को खारिज कर दिया।
हाईकोर्ट के फैसले के साथ ही इन प्रत्याशियों की ओर से चुनाव चिह्न को लेकर मौजूदा चुनाव में राहत पाने की कोशिश भी खत्म हो गई।
इसका सीधा असर भीलवाड़ा नगर निगम चुनाव में कांग्रेस की उम्मीदवार सूची पर पड़ा है। जिन 17 प्रत्याशियों ने हाईकोर्ट का रुख किया था, वे अब मौजूदा चुनाव से बाहर हो गए हैं।
जिसके बाद अब चुनावी मैदान में कांग्रेस के केवल 53 अधिकृत उम्मीदवार बचे हैं।