जयपुर। कानूनी पत्रकारिता के क्षेत्र में एक नई पहल करते हुए Laws & Legals ने अपने पहले विशेष कार्यक्रम “Law Is Life” की सफल लॉन्चिंग कर दी है।
यह कार्यक्रम न केवल कानून के क्षेत्र से जुड़े पेशेवरों को एक मंच प्रदान करेगा, बल्कि आम लोगों और विद्यार्थियों के लिए भी कानूनी समझ को सरल और प्रभावी बनाने का प्रयास करेगा।

इस अनूठे कार्यक्रम में देशभर के विधि क्षेत्र से जुड़ी प्रतिष्ठित हस्तियों—वरिष्ठ अधिवक्ताओं, न्यायाधीशों, सेवानिवृत्त जजों, न्यायिक अधिकारियों और कानूनी शिक्षाविदों—को आमंत्रित किया गया है।
ये सभी अपने अनुभव, विचार और कानूनी जीवन से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं पर खुलकर चर्चा करेंगे, जिससे दर्शकों को कानून की बारीकियों को समझने का अवसर मिलेगा।
Law Is Life कार्यक्रम के पहले एपिसोड में देश के सबसे वयोवृद्ध, वरिष्ठ और सम्मानित विधि विशेषज्ञों में से एक, राजस्थान हाईकोर्ट के पूर्व जज जस्टिस वी.एस. दवे के साथ विशेष बातचीत की गई।
इस संवाद में उनके लंबे न्यायिक अनुभव, न्याय व्यवस्था में आए बदलावों और कानून की वर्तमान स्थिति पर गहन चर्चा की गई।
इस खास बातचीत के लिए कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विधि क्षेत्र से लंबे समय से जुड़े और राजस्थली के निदेशक एम.के. सिंह गेस्ट एंकर के रूप में मौजूद रहे।

उन्होंने जस्टिस दवे के साथ संवाद को और अधिक सार्थक बनाते हुए कई महत्वपूर्ण सवाल उठाए, जिनके जवाबों ने कार्यक्रम को ज्ञानवर्धक बना दिया।
कार्यक्रम के दौरान कानून की महत्ता, मानव जीवन में उसकी भूमिका, सामाजिक व्यवस्था में नियमों और अनुशासन का महत्व, तथा हमारी आदर्श संहिताओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
जस्टिस वी.एस. दवे ने इस बात पर जोर दिया कि कानून केवल नियमों का संग्रह नहीं है, बल्कि यह समाज की सभ्यता और संतुलन को बनाए रखने का आधार भी है।

इस अवसर पर राजधानी जयपुर के एक दर्जन से अधिक लॉ कॉलेजों के विद्यार्थियों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई।
छात्रों को न केवल अनुभवी विधि विशेषज्ञों से सीधे संवाद का अवसर मिला, बल्कि उन्होंने अपने सवालों के माध्यम से कानूनी करियर और न्याय व्यवस्था को लेकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान भी किया।

“Law Is Life” कार्यक्रम का उद्देश्य कानून को आम जन तक पहुंचाना और उसे सरल भाषा में समझाना है, ताकि समाज का हर वर्ग अपने अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक हो सके।
इस पहल से कानूनी शिक्षा और जागरूकता के क्षेत्र में एक सकारात्मक बदलाव की उम्मीद की जा रही है।

यह कार्यक्रम विधि जगत और आम समाज के बीच एक सेतु का काम करेगा, जो न केवल ज्ञानवर्धन करेगा बल्कि न्याय के प्रति विश्वास को भी मजबूत बनाएगा।
इस कार्यक्रम के पहले एपिसोड के सहयोगकर्ता के रूप में आसरा फाउंडेशन, लीगल संस्थान और शिप इंटर्नशिप प्रोग्राम रहे।