टॉप स्टोरी

चर्चित खबरें

राजस्थान हाईकोर्ट: जालौर में आम रास्ते पर अतिक्रमण तीन माह में हटाने के आदेश

जोधपुर, 22 सितंबर

राजस्थान हाईकोर्ट ने जालौर जिले के ग्राम बाला के आम रास्ते पर किए गए अतिक्रमण को लेकर सख्त रुख अपनाया है।

हाईकोर्ट ने राजस्व विभाग को आदेश दिया है कि खसरा नंबर 174 पर किए गए अतिक्रमण को तीन माह में हटाकर आम जनता के लिए रास्ता खोला जाए।

ग्राम बाला निवासी अंजू पत्नी हीरा राम की ओर से दायर जनहित याचिका पर हाईकोर्ट ने यह आदेश दिया है।

याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता श्याम पालीवाल ने अदालत को बताया कि राजस्व रिकॉर्ड के अनुसार खसरा नंबर 174 में 24 फीट चौड़ा गैर-मुमकिम सार्वजनिक मार्ग दर्ज है।

लेकिन निजी प्रतिवादी ने इस पर बाउंड्रीवाल खड़ी कर दी, जिससे ग्रामीणों की आवाजाही बाधित हो गई।

याचिकाकर्ता ने बताया कि 24 फरवरी 2023 को इस संबंध में तहसीलदार, जिला कलेक्टर और अन्य अधिकारियों को लिखित शिकायत दी गई थी।

शिकायत पर कार्रवाई करते हुए एसडीओ और पटवारी ने मौके का निरीक्षण किया और रिपोर्ट में यह स्पष्ट किया कि रास्ता वास्तव में सार्वजनिक है।

इसके बाद तहसीलदार ने 30 अप्रैल 2025 को राजस्थान भूमि राजस्व अधिनियम, 1956 की धारा 91 के तहत अंतिम आदेश पारित कर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए थे।

लेकिन आदेश के बावजूद कार्रवाई नहीं हुई, जिससे ग्रामीणों को हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ा।

हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी

जस्टिस दिनेश मेहता और जस्टिस संदीप तनेजा की खंडपीठ ने कहा कि जब तहसीलदार पहले ही अंतिम आदेश पारित कर चुके हैं, तो अब राजस्व अधिकारियों का दायित्व है कि वे इसे लागू करें।

हाईकोर्ट ने तीन माह की समयसीमा तय करते हुए अतिक्रमण हटाने और आम जनता के लिए रास्ता खोलने के निर्देश दिए हैं।

सबसे अधिक लोकप्रिय