जोधपुर। अदालतों की व्यस्त, अनुशासित और तनावपूर्ण दिनचर्या के बीच जोधपुर में राजस्थान हाईकोर्ट के अधिवक्ताओं ने एक सकारात्मक, प्रेरणादायक और समाजोपयोगी पहल को आगे बढ़ाते हुए वर्ष 2026 की दूसरी लीगल अवेयरनेस राइड का आयोजन किया।
देश में अपनी तरह की पहली पहल से बने ‘लीगल राइडर्स बाइकिंग ग्रुप’ द्वारा यह विशेष बाइक राइड जोधपुर के आखलिया चौराहा से इन्द्रोका गांव तक आयोजित की गई।
सुबह करीब 8 बजे आखलिया चौराहे से इस राइड को हरी झंडी दिखाकर राइड को रवाना किया गया।
इस राइड में राजस्थान हाईकोर्ट, जोधपुर मुख्यपीठ से जुड़े करीब दो दर्जन अधिवक्ताओं ने भाग लिया।
राइड का उद्देश्य न केवल फिटनेस और अनुशासित बाइकिंग को बढ़ावा देना था, बल्कि सड़क सुरक्षा, कानूनी जागरूकता और सामाजिक सरोकारों के प्रति आमजन को सजग करना भी रहा।

देशभर में सराही जा रही अनूठी पहल
गौरतलब है कि लीगल राइडर्स बाइकिंग ग्रुप ने इससे पहले रविवार, 4 जनवरी 2026 को वर्ष की पहली लीगल अवेयरनेस राइड का आयोजन किया था।
इसके बाद यह दूसरी राइड आयोजित की गई, जिसे अधिवक्ता समुदाय और आमजन दोनों की ओर से सराहना मिल रही है।
बाइक राइड के माध्यम से लीगल अवेयरनेस फैलाने की यह पहल देशभर में अपनी अलग पहचान बना रही है।
फिटनेस, अनुशासन और सौहार्द का संदेश
इस ग्रुप की शुरुआत महज दो अधिवक्ताओं द्वारा की गई थी, लेकिन समय के साथ इसका दायरा बढ़ता चला गया।
आज जोधपुर शहर के दो दर्जन से अधिक अधिवक्ता नियमित रूप से इस ग्रुप से जुड़े हुए हैं।
सर्दी, गर्मी या बारिश—हर मौसम में यह ग्रुप फिटनेस और अनुशासन का संदेश देते हुए रोड राइड आयोजित करता है।
इन राइड्स के दौरान यातायात नियमों का सख्ती से पालन किया जाता है और सुरक्षित बाइकिंग का उदाहरण प्रस्तुत किया जाता है।
अधिवक्ता आपसी संवाद, टीम भावना और सामाजिक सौहार्द के साथ राइड करते हुए यह संदेश देते हैं कि कानून का पालन केवल अदालतों तक सीमित नहीं, बल्कि सड़क पर भी उतना ही आवश्यक है।
सिर्फ बाइकिंग नहीं, सामाजिक जिम्मेदारी भी
लीगल राइडर्स ग्रुप की खास बात यह है कि यह केवल बाइकिंग तक सीमित नहीं है।
अवकाश के दिनों में आयोजित इन राइड्स के जरिए अधिवक्ता न केवल मानसिक दबाव से दूर रहकर खुद को तरोताजा करते हैं, बल्कि कानूनी जागरूकता, सड़क सुरक्षा और सामाजिक विषयों पर भी संवाद स्थापित करते हैं।
इसके साथ ही राइड के दौरान जोधपुर शहर और आसपास के दर्शनीय स्थलों की जानकारी सोशल मीडिया के माध्यम से साझा की जाती है, जिससे पर्यटन को भी प्रोत्साहन मिलता है।
अधिवक्ताओं की सहभागिता
इस दूसरी लीगल अवेयरनेस राइड में अधिवक्ता चिराग, कृष्णा कांत, भानु, विवेक, नितेश, आकांक्षा शुक्ला, योगेन्द्रसिंह, नवनीत, जयंत, दीपक, अनुपम, सलमान, अभिषेक, केशव, मुकुल, शिशिर, धैर्यादित्य, कुणाल, राजवेन, दिलीप, आशीष, दुर्गेश, सुधर्शन, मुकेश (ऑप्टिक्स), रिपुदमन (ऑटोमोबाइल इंजीनियर) सहित कई अधिवक्ताओं ने भाग लिया।

ग्रुप का उद्देश्य
ग्रुप के संस्थापक अधिवक्ता चिराग खत्री ने बताया कि लीगल राइडर्स बाइकिंग ग्रुप का उद्देश्य अधिवक्ताओं के बीच आपसी सौहार्द को मजबूत करना, स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना, सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता फैलाना और कानून के प्रति समाज को सजग बनाना है।
उन्होंने कहा कि मिल रहे सकारात्मक प्रोत्साहन से सभी अधिवक्ता उत्साहित हैं और आने वाले समय में इस पहल को और व्यापक स्तर पर ले जाने की योजना है।
यह पहल यह दर्शाती है कि कानून के प्रहरी केवल अदालतों में ही नहीं, बल्कि समाज के बीच रहकर भी जागरूकता और सकारात्मक बदलाव का माध्यम बन सकते हैं।