लॉज एंड लीगल्स के रीजनल कार्यालय उदघाटन समारोह में बोले सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश; कहा-बिना पक्षपात और बिना किसी फ़िल्टर के न्यायपालिका से जुड़ी तथ्यात्मक जानकारी जनता तक पहुँचे
जयपुर। सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश जस्टिस अजय रस्तोगी ने कहा हैं कि न्यायपालिका से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी बिना किसी पक्षपात, बिना किसी फ़िल्टर और पूरी तथ्यात्मकता के साथ आम जनता तक पहुँचनी चाहिए।
जस्टिस अजय रस्तोगी ने कहा कि लोकतंत्र में आम नागरिक को यह जानने का पूरा अधिकार है कि न्यायपालिका में क्या हो रहा है।
उन्होने कहा कि अदालतों की कार्यवाही, महत्वपूर्ण निर्णय, संवैधानिक बहसें और न्यायिक व्यवस्था से जुड़े विषय केवल न्यायाधीशों और अधिवक्ताओं तक सीमित नहीं रहने चाहिए, बल्कि उनकी सही और तथ्यात्मक जानकारी आम नागरिक तक भी पहुँचना जरूरी है।
जस्टिस अजय रस्तोगी सोमवार को लॉज एंड लीगल्स के रीजनल कार्यालय के उदघाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे.
आज देश की जरूरत
उन्होने लॉज एंड लीगल्स की पहल की सराहना करते हुए कहा कि राजस्थान में शुरू हुआ यह मंच न केवल राज्य बल्कि पूरे देश के लिए एक महत्वपूर्ण और अग्रणी पहल है।
उन्होंने कहा कि आज देश को हिंदी में गुणवत्तापूर्ण, निष्पक्ष और विश्वसनीय विधिक पत्रकारिता की आवश्यकता है।
समारोह को संबोधित करते हुए जस्टिस रस्तोगी ने लॉज एंड लीगल्स की पूरी टीम को शुभकामनाएँ दीं और कहा कि यह मंच राजस्थान और देश के लोगों को अपनी सर्वोत्तम सेवाएँ प्रदान करे। उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि आम नागरिक को जानने का पूरा अधिकार है कि न्यायपालिका में क्या हो रहा है.
उन्होंने कहा कि न्यायपालिका से जुड़ी पारदर्शी और तथ्यात्मक जानकारी आम जनता के साथ-साथ अधिवक्ताओं, न्यायाधीशों और पूरे न्यायिक तंत्र के लिए भी उपयोगी है।
जस्टिस रस्तोगी ने कहा कि निष्पक्ष, तथ्यपरक और जिम्मेदार कानूनी पत्रकारिता न्यायपालिका और समाज के बीच विश्वास का सेतु बन सकती है।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि लॉज एंड लीगल्स संविधान और कानून के मूल्यों को जन-जन तक पहुँचाने के साथ-साथ समाज में कानूनी जागरूकता का नया वातावरण तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
उन्होंने कहा कि कानून की सही जानकारी लोगों तक पहुँचाना भी न्याय व्यवस्था को मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है।
पारदर्शी और जिम्मेदार कानूनी पत्रकारिता लोकतांत्रिक संस्थाओं को मजबूत करती है और न्यायिक व्यवस्था के प्रति नागरिकों के विश्वास को बढ़ाने में योगदान देती है।
कानूनी जागरूकता का विस्तार बड़ी आवश्यकता -जस्टिस अशोक कुमार जैन
उदघाटन समारोह की अध्यक्षता कर रहे राजस्थान हाईकोर्ट के वरिष्ठ न्यायाधीश जस्टिस अशोक कुमार जैन ने भी लॉज एंड लीगल्स की पहल की सराहना करते हुए कहा कि समाज में कानूनी जागरूकता का विस्तार समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि यदि नागरिकों को कानून की सही जानकारी होगी तो वे अपने अधिकारों के साथ-साथ अपने कर्तव्यों को भी बेहतर ढंग से समझ पाएँगे।
जस्टिस जैन ने उम्मीद जताई कि लॉज एंड लीगल्स तथ्यपरक और जिम्मेदार पत्रकारिता के माध्यम से समाज में विधिक चेतना बढ़ाने का महत्वपूर्ण कार्य करेगा।
उन्होंने कहा कि कानूनी जानकारी का सरल भाषा में प्रसार समय की आवश्यकता है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि यह मंच न्यायपालिका, अधिवक्ताओं, विधि विद्यार्थियों और आम नागरिकों के बीच सार्थक संवाद स्थापित करेगा तथा लोगों को उनके संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक बनाएगा।
पत्रकारिता का जनसेवा-डॉ.जगदीश चन्द्रा
समारोह के विशिष्ट अतिथि और फर्स्ट इंडिया न्यूज़ के सीएमडी डॉ. जगदीश चन्द्रा ने लॉज एंड लीगल्स की पूरी टीम को बधाई देते हुए कहा कि पत्रकारिता केवल समाचार प्रकाशित करने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज को सही दिशा देने का दायित्व भी है।
उन्होंने कहा कि विधिक पत्रकारिता जितनी मजबूत होगी, न्याय व्यवस्था के प्रति लोगों का विश्वास भी उतना ही बढ़ेगा।
डॉ. जगदीश चन्द्रा ने लॉज एंड लीगल्स के संस्थापक निजाम कण्टालिया और पूरी टीम को बधाई देते हुए इस पहल को समाज के लिए एक सकारात्मक और महत्वपूर्ण कदम बताया।
उन्होंने कहा कि कानून और न्याय व्यवस्था से जुड़ी जानकारी को सरल, तथ्यात्मक और जिम्मेदार तरीके से जनता तक पहुँचाने की पहल समाज में कानूनी जागरूकता बढ़ाने और लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति विश्वास मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।