जयपुर। राज्य सरकार ने प्रदेशवासियों को अपराध मुक्त और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए अपराध मामलों की जांच और निस्तारण प्रक्रिया को तेज करने के महत्वपूर्ण परिणाम सामने रखे हैं।
सरकार के अनुसार राज्य में अपराधों की संख्या में कमी आई है और आपराधिक प्रकरणों में त्वरित अनुसंधान के कारण मामलों के निस्तारण का औसत समय उल्लेखनीय रूप से घटा है।
बजट में दी गई जानकारी के अनुसार दुष्कर्म (रेप) मामलों के निस्तारण का औसत समय 106 दिनों से घटकर 56 दिन रह गया है, जबकि पॉक्सो (POCSO) मामलों में निस्तारण का समय 102 दिनों से घटकर 59 दिन तक पहुंच गया है।
सरकार का कहना है कि त्वरित जांच, विशेष न्यायिक व्यवस्थाओं और बेहतर समन्वय के कारण यह सुधार संभव हो पाया है।
सरकार ने स्पष्ट किया कि आगे भी कानून-व्यवस्था को मजबूत करने, जांच प्रक्रिया को और तेज करने तथा पीड़ितों को समयबद्ध न्याय दिलाने के लिए आवश्यक कदम जारी रहेंगे, जिससे प्रदेश में सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित किया जा सके।