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वकालत के साथ शोध, राजस्थान हाईकोर्ट बार के उपाध्यक्ष सुनील शर्मा को मिली PhD, AI और HR मैनेजमेंट पर शोध कर हासिल की डॉक्टरेट की उपाधि

Rajasthan High Court Bar Association Vice President Dr Sunil Sharma Earns PhD

जयपुर। वकालत, सामाजिक जिम्मेदारियों और अकादमिक क्षेत्र में एक साथ सक्रिय रहते हुए राजस्थान हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के उपाध्यक्ष डॉ. सुनील कुमार शर्मा ने एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है।

जयपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के विधि, मानवाधिकार एवं RTI विभाग के अध्यक्ष डॉ. शर्मा को NIMS यूनिवर्सिटी राजस्थान, जयपुर ने मैनेजमेंट विषय में PhD की उपाधि प्रदान की है।

उन्होंने AI और HR मैनेजमेंट से जुड़ी कानूनी, नैतिक और प्रबंधकीय चुनौतियों पर शोध कर डॉक्टरेट की उपाधि हासिल की है। उनका शोध डॉ. अनुपमा मिश्रा पांडे के निर्देशन में पूरा हुआ।

डॉ. शर्मा का शोध तेजी से बढ़ते AI के इस्तेमाल और उससे जुड़ी कानूनी, नैतिक एवं प्रबंधकीय चुनौतियों को समझने की दिशा में अहम है।

डॉ. शर्मा की इस उपलब्धि पर बार एसोसिएशन के साथी अधिवक्ताओं, परिजनों और शुभचिंतकों में खुशी की लहर है। उन्हें बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।

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AI और HR मैनेजमेंट की चुनौतियों पर किया है शोध

डॉ. सुनील कुमार शर्मा ने ‘Artificial Intelligence in Human Resource Management: Legal, Ethical and Managerial Challenges’ विषय पर शोध किया।

इस शोध में उन्होंने HR मैनेजमेंट में AI के इस्तेमाल से जुड़ी कानूनी, नैतिक और प्रबंधकीय चुनौतियों और इससे जुड़े विभिन्न पहलुओं का अध्ययन किया।

वर्तमान समय में भर्ती प्रक्रिया, कर्मचारियों के मूल्यांकन और प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में AI की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे में इस तकनीक के इस्तेमाल से जुड़े कानूनी और नैतिक सवाल भी अहम हो गए हैं।

डॉ. शर्मा ने अपने शोध में AI के उपयोग से सामने आने वाली कानूनी, नैतिक और प्रबंधकीय चुनौतियों का गहन विश्लेषण किया। साथ ही, मानव संसाधन प्रबंधन में इसकी उपयोगिता और प्रभावों को भी समझने की कोशिश की।

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2 नवंबर को पूरा किया अंतिम वाइवा

डॉ. शर्मा ने 2 नवंबर 2026 को PhD का अंतिम वाइवा-वॉइस पूरा किया। इसके बाद विश्वविद्यालय की मंजूरी से उन्हें वर्ष 2026 में डॉक्टरेट की उपाधि दी गई।

इससे उनका लंबे समय से चल रहा शोध पूरा हुआ और उन्हें PhD की डिग्री मिली।

वकालत और सामाजिक जिम्मेदारियों के साथ हासिल की उपलब्धि

डॉ. शर्मा की यह उपलब्धि इसलिए भी खास है कि उन्होंने वकालत और सामाजिक जिम्मेदारियों के साथ उच्च शिक्षा के प्रति अपनी रुचि बनाए रखी।

डॉ. सुनील कुमार शर्मा राजस्थान हाईकोर्ट बार एसोसिएशन, जयपुर के उपाध्यक्ष होने के साथ जयपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के विधि, मानवाधिकार एवं आरटीआई विभाग के अध्यक्ष की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं।

व्यस्त पेशेवर जीवन के बीच शोध के लिए समय निकालना उनकी मेहनत, लगन और सीखने की इच्छा को दर्शाता है।

इन महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों के बीच शोध पूरा कर PhD की उपाधि हासिल करना उनकी प्रतिबद्धता और अकादमिक क्षेत्र में आगे बढ़ने के जज्बे को दर्शाता है।

अधिवक्ताओं और शुभचिंतकों ने दी बधाई

डॉ. सुनील कुमार शर्मा को डॉक्टरेट की उपाधि मिलने पर राजस्थान हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के साथी अधिवक्ताओं, परिजनों और शुभचिंतकों ने बधाई दी है।

उनकी इस उपलब्धि पर खुशी जताते हुए लोगों ने आगे भी नई ऊंचाइयां हासिल करने की शुभकामनाएं दीं।

AI जैसे तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्र में शोध करना और वकालत के साथ इसे पूरा करना उनकी उपलब्धि को और खास बनाता है।

उनके शोध को कानून, प्रबंधन और तकनीक के आपसी संबंधों को समझने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।

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